रूपनगर।रूपनगर जिले में डेंगू का दंश थमने का नाम नहीं ले रहा, जबकि दो सप्ताह की राहत के बाद चिकनगुनिया ने भी सिर उठाना शुरू कर दिया है।हालांकि स्वास्थ्य विभाग की टीमें लोगों को डेंगू व चिकनगुनिया से बचाव के बारे में लगातार जागरूक करते हुए बचाव संबंधी हिदायतों का पालन करने बारे प्रेरित कर रही हैं, लेकिन लोगों का सहयोग नहीं मिल रहा है।
स्वास्थ्य टीमें ग्रामीण और शहरी इलाकों का कर रहीं सर्वे
सिविल सर्जन डॉ. परमिंदर कुमार अनुसार लोगों को बचाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में 76 टीमों के माध्यम से जबकि शहरी क्षेत्रों में 17 टीमों के माध्यम से घर-घर सर्वे करते हुए लोगों को साफ सफाई बारे में बाध्य किया जा रहा है। इस अभियान के दौरान जिले भर में अभी तक स्वास्थ्य विभाग की हिदायतों का पालन न करने वाले 120 व्यक्तियों के चालान भी काटे जा चुके हैं।
बावजूद इसके डेंगू का लारवा लगातार मिल रहा है जबकि जिले में अभी तक 422 व्यक्ति डेंगू का शिकार भी हो चुके हैं। चिकनगुनिया की बात करें तो दो सप्ताह की शांति के बाद इस सप्ताल चिकनगुनिया के तीन नए केस सामने आए हैं।
इन क्षेत्रों में किया गया सर्वे
सिविल सर्जन डॉ. परमिंदर कुमार के दिशा निर्देशों पर स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा डॉ. सोनाली वोहरा के नेतृत्व में शनिवार तथा रविवार को डीएवी स्कूल सहित खालसा स्कूल, लड़कों के सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल, सरकारी कन्या सीनियर सेकेंडरी स्कूल तथा जीएमएन स्कूल में स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा जहां विद्यार्थियों व स्टाफ को जागरूक किया गया।
वहीं इन स्कूलों के आसपास की कालोनियों में भी जाकर डेंगू मच्छर का लारवा तलाशा गया वहीं उपस्थित लोगों को जागरूक भी किया गया। डॉ. सोनाली वोहरा ने बताया कि इन सभी जगह कूलरों, पानी वाली टंकियों, कंटेनरों व गमलों आदि की विशेष रूप से जांच की गई है जबकि सभी जगह मच्छरों को मारने वाली दवाई का छिड़काव भी किया गया।
जांच के दौरान मिला 17 डेंगू का लारवा
डॉ. सोनाली वोहरा के अनुसार इस अभियान के अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा 1160 घरों में दस्तक देने के साथ साथ 1320 कंटेनरों की जांच की गई, जबकि इस जांच के दौरान 17 जगह डेंगू का लारवा मिला है। जिसे मौके पर ही नियमानुसार नष्ट करवाया गया है।\