शनिवार को देहरादून के बैरागी वाला इलाके में खेत में सिंचाई को लेकर दो गुटों में विवाद हुआ। विवाद में एक पक्ष के दर्जनभर लोगों ने दूसरे पक्ष के एक युवक विनोद की धारदार हथियार से हमलाकर हत्या कर दी। जिससे पूरे इलाके में स्थिति तनावपूर्ण हो गयी। देर रात तक पीड़ित परिवार और ग्रामीण पुलिस थाने में डटे रहे और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते रहे। स्थानीय विधायक मुन्ना सिंह चैहान भी पीड़ित परिवार के साथ मौजूद रहे। वहीं रविवार सुबह घटना को लेकर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और लोगों ने हत्यारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए सड़क जाम कर प्रदर्शन करना शुरू किया। इस दौरान आक्रोशित भीड़ ने एक हमलावर के घर पर आग लगा दी। जबकि कुछ लोगों के घर के बाहर भी आगजनी की। वहीं गांव में आक्रोशित हिंदू संगठनों ने आरोपितों के घरों पर पथराव, तोड़फोड़ की। साथ ही बुलडोजर लेकर पुलिस व प्रशासन के अधिकारी आरोपितों के घरों पर पहुंचे और मकानों को चिन्हित किया। जिसके बाद बुलडोजर कार्रवाई की गई।
हालात को देखते हुए पूरे क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। फिलहाल घटना स्थल के आसपास वाले इलाके में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है। पुलिस के अनुसार इस वारदात के सिलसिले में तीन नामजद आरोपियों और 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। इलाके में पुलिस के जवान तैनात हैं और हालात पर नजर रख रहे हैं ताकि मामला और न गंभीर हो जाए।
वहीं मृतक के भाई अशोक कुमार पुत्र भगवत प्रसाद बैरागीवाला ने दी तहरीर में कहा कि पूर्व में पड़ोस के खेत जो इम्तियाज पुत्र समशु के हैए में पानी को लेकर विवाद चल रहा था। जिसको लेकर शनिवार की शाम छह से साढ़े छह बजे तक रज्जाक पुत्र मासूमए इम्तियाज पुत्र शमशूए अमन पुत्र मासूमए युनुस पुत्र महबूबए मासूम का जवाई शहबाजए शराफल अली ए मासूम पुत्र स्वण् महबूबए आदिल पुत्र इम्तियाजए शमून पुत्र जब्बारए सलमान पुत्र युनुसए जावेद पुत्र मासूमए मासूम के मामा के लडके इन्तजार आदि समस्त निवासीगण बैरागीवाला अन्य करीब 30.35 लोगों के साथ घर पर आ गये। जिनके हाथों में लाठी डन्डेए लकड़ी की फट्टी व हथौडा और बेलचे आदि थे। सभी ने एक साथ होकर उसके परिवार के सदस्य विनोद कुमार, राजेश, सुषमा पत्नी अशोक कुमार व उसके ऊपर जानलेवा हमला किया। जिसमें हथौड़े के वार से विनोद की हत्या कर दी गयी, जबकि अन्य परिवार के सदस्य अशोक सुषमा, राजेश गम्भीर रुप से घायल हो गये। बैरागीवाला घटना की सीएम धामी ने की कड़े शब्दों में निंदा
देहरादून। शनिवार रात सहसपुर कोतवाली क्षेत्र के बैरागीवाला में दो पक्षों में आपसी कहासुनी खूनी संघर्ष में बदल गई। इस घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गयी। जबकि तीन लोग घायल हो गए। सीएम पुष्कर सिंह धामी ने घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने कहा कि ऐसी वारदातों को अंजाम देकर आपसी सौहार्द को बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त एक्शन लिया जायेगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की शांति और सामाजिक सौहार्द को बिगाड़ने की कोशिश करने वाली जिहादी और हिंसक मानसिकता को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। शनिवार को देहरादून में हुई घटना की जितनी निंदा की जाए उतनी कम है, जो लोग कानून को चुनौती देने का दुस्साहस करेंगे, उन्हें ऐसा दंड मिलेगा कि भविष्य में कोई भी ऐसी हरकत करने से पहले हजार बार सोचेगा।
गौर हो कि सहसपुर पुलिस स्टेशन के बैरागीवाला में हिंसक झड़प की घटना के बाद रविवार सुबह कुछ लोगों ने हमलावरों के घरों के आसपास आगजनी और पत्थरबाजी की। बताया जा रहा है कि पत्थरबाजी में कुछ चोटिल हुए हैं। वहीं मामले में अभी तक 3 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि क्षेत्र में भारी पुलिस बल की तैनाती की हई है। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है और पुलिस प्रशासन हर गतिविधि पर पैनी नजर बनाए हुई है। वहीं प्रशासन ने तीनों आरोपियों के घरों पर बुलडोजर की कार्रवाई की।
कार्गो विमान हादसे में दून के जवान के बलिदान की खबर से शोक की लहर
देहरादून। शनिवार को असम के जोरहाट एयरबेस पर भारतीय वायु सेना के कार्गो विमान हादसे में सेलाकुई निवासी प्रशांत सिंह के बलिदान की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड गयी है। बताया जा रहा है कि राजा वाला रोड स्थित श्रीरामपुरम कॉलोनी के 32 वर्षीय प्रशांत अपने माता-पिता के इकलौते पुत्र थे।महज डेढ़ वर्ष पहले ही उनका विवाह हुआ था। बलिदान की सूचना मिलते ही परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। माता-पिता हादसा स्थल के लिए रवाना हो गए हैं, जबकि क्षेत्र में शोक और संवेदनाओं का माहौल बना हुआ है।सेलाकुई के श्रीरामपुरम कॉलोनी निवासी प्रशांत सिंह ने करीब आठ वर्षों तक देश सेवा की। परिवार के अनुसार, यह उनकी दूसरी पोस्टिंग थी। इससे पहले 23 नवंबर 2024 को उनका विवाह हुआ था।
प्रशांत के पिता उमेश सिंह भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हैं। मां बृजेश देवी ने बताया कि प्रशांत परिवार के इकलौते बेटे थे। परिवार में एक बड़ी बहन हैं जिनका विवाह हो चुका है। बलिदान की खबर से परिजनों में ही नहीं क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। सहसपुर विधायक सहदेव सिंह पुंडीर, नगर पंचायत अध्यक्ष सुमित चैधरी और ब्लॉक प्रमुख अर्चना रावत समेत विभिन्न जनप्रतिनिधियों व सामाजिक संगठनों ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि देश ने अपना एक वीर सपूत खो दिया है जिसकी सेवा और समर्पण को हमेशा याद रखा जाएगा।